जनशिकायतों का त्वरित निवारण सुनिश्चित करें अधिकारी : सुरेश कुमार

विधायक ने जिला स्तरीय शिकायत निवारण समिति की बैठक में दिए निर्देश प्रदेश सरकार की कल्याणकारी योजनाओं के प्रचार-प्रसार के भी दिए निर्देश

जनशिकायतों का त्वरित निवारण सुनिश्चित करें अधिकारी : सुरेश कुमार
जिला स्तरीय शिकायत निवारण समिति की बैठक वीरवार को यहां बचत भवन में भोरंज के विधायक सुरेश कुमार की अध्यक्षता में आयोजित की गई, जिसमें प्रशासनिक, पुलिस और विभागीय अधिकारियों के अलावा समिति के गैर सरकारी सदस्यों ने भी भाग लिया। इस दौरान गैर सरकारी सदस्यों की ओर से उठाई गई विभिन्न जनशिकायतों के निवारण के लिए संबंधित अधिकारियों से रिपोर्ट ली गई और उन्हें दिशा-निर्देश जारी किए गए। इस अवसर पर सुरेश कुमार ने कहा कि इस समिति का उद्देश्य आम लोगों की समस्याओं का त्वरित समाधान सुनिश्चित करना है। इसमें समाज के प्रबुद्ध एवं अनुभवी लोगों और पंचायत जनप्रतिनिधियों को गैर सरकारी सदस्यों के रूप में शामिल किया गया है। सभी अधिकारी इन सदस्यों की ओर से उठाए गए मुद्दों पर त्वरित कार्रवाई करें और संबंधित सदस्यों को अवगत भी करवाएं। फील्ड में किसी जनसमस्या के समाधान में दिक्कत आ रही है तो इन सदस्यों की मदद भी लें। जनसमस्याओं के निवारण में ये सदस्य बहुत बड़ी भूमिका अदा कर सकते हैं। विधायक ने गैर सरकारी सदस्यों से भी आग्रह किया कि वे इस बैठक में सिर्फ व्यक्तिगत समस्याओं को ही नहीं, बल्कि अपने-अपने इलाके की सार्वजनिक समस्याओं को भी समिति के ध्यान में लाएं, ताकि आम लोगों को राहत मिल सके। सुरेश कुमार ने अधिकारियों को सरकार की विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं का व्यापक प्रचार-प्रसार करने के निर्देश भी दिए, ताकि आम लोग इन योजनाओं का लाभ उठा सकें। बैठक में ग्रामीण सड़कों के निर्माण एवं मरम्मत, पेयजल आपूर्ति, बस सेवाओं, बेसहारा पशुओं की समस्या और कई अन्य समस्याओं पर व्यापक चर्चा की गई। सुरेश कुमार ने कहा कि ग्रामीण रूटों पर कई निजी एवं एचआरटीसी की बस सेवाओं का संचालन नियमित रूप से न होने पर आम लोगों को काफी दिक्कत होती है। एचआरटीसी और परिवहन विभाग इस दिशा में सख्त कदम उठाएं। ग्रामीण क्षेत्रों में नए रूटों की संभावनाएं भी तलाशें। नेशनल हाईवे के निर्माण से नादौन और इसके आस-पास के कुछ क्षेत्रों में सड़क दुर्घटनाओं में वृद्धि तथा जलभराव की समस्या, गलोड़ अस्पताल के विस्तार, लाहड़, डुग्घा, लहड़ा, उहल और अन्य गांवों में पेयजल की समस्या तथा कई अन्य जनशिकायतों पर भी संबंधित अधिकारियों से जवाब तलब किया गया। विधायक ने पीडब्ल्यूडी के अधिकारियों से कहा कि अगर ग्रामीण सड़कों के निर्माण, मरम्मत या सुदृढ़ीकरण को लेकर कोई विवाद हो तो वे समिति के गैर सरकारी सदस्यों या स्थानीय पंचायत जनप्रतिनिधियों की मदद से इन्हें सुलझाएं। इस अवसर पर उपायुक्त गंधर्वा राठौड़ ने अध्यक्ष और सभी गैर सरकारी सदस्यों को आश्वस्त किया कि बैठक में उठाए गए सभी मुद्दों पर त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी। एडीसी अभिषेक गर्ग ने विभिन्न मुद्दों का विस्तृत ब्यौरा प्रस्तुत किया। बैठक में राज्य कृषि विपणन बोर्ड के अध्यक्ष कुलदीप सिंह पठानिया, कांगड़ा सहकारी प्राथमिक कृषि एवं ग्रामीण विकास बैंक के अध्यक्ष राम चंद्र पठानिया, जिला कांग्रेस अध्यक्ष सुमन भारती, एसपी बलवीर सिंह और अन्य अधिकारी भी उपस्थित रहे।