पूर्व केंद्रीय मंत्री व हमीरपुर लोकसभा क्षेत्र से सांसद अनुराग सिंह ठाकुर ने आज चंडीगढ़ में मेहर चंद्र महाजन डीएवी कॉलेज फॉर वूमेन के पुरस्कार वितरण समारोह में छात्राओं को पुरस्कृत कर उनका हौसला बढ़ाया।
अनुराग सिंह ठाकुर ने कहा कि पंजाब विश्वविद्यालय की एक अत्यंत प्रतिष्ठित संस्था, मेहर चंद महाजन डीएवी कॉलेज फॉर वुमेन, चंडीगढ़ में वार्षिक पुरस्कार वितरण समारोह में भारत की युवाशक्ति से संवाद उनके लिए हर्ष का विषय है। उन्होंने कहा कि आज देश प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में निरंतर प्रगति के पथ पर अग्रसर है और 2047 तक भारत को विकसित राष्ट्र बनाने का संकल्प लिया गया है। इस संकल्प की सिद्धि में युवाओं और छात्रों की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण है। उन्होंने कहा कि हमारे पूर्वजों ने देश की स्वतंत्रता और निर्माण के लिए अपना सर्वस्व बलिदान दिया, अब हमारी जिम्मेदारी है कि हम अपना सर्वोत्तम योगदान दें। पिछले वर्षों में भारत में जो परिवर्तन हुए हैं, वे विकसित भारत की मजबूत नींव रख रहे हैं। विशेष रूप से युवाओं और शैक्षणिक संस्थानों में नई ऊर्जा और सकारात्मक वातावरण देखने को मिल रहा है। आज के युवा ज्ञान, विज्ञान, कल्याण, योगदान और अध्यात्म जैसे मूल्यों के साथ राष्ट्र निर्माण में सक्रिय भागीदारी निभा रहे हैं।
अनुराग सिंह ठाकुर ने कहा कि केंद्र सरकार ने शिक्षा, बाल कल्याण, स्वास्थ्य, पोषण, सुरक्षा, आर्थिक सशक्तिकरण और कानूनी सुधारों के क्षेत्र में व्यापक और परिवर्तनकारी कार्य किए हैं। उन्होंने युवाओं से आह्वान किया कि वे अमृतकाल के अवसरों का लाभ उठाकर विकसित भारत के निर्माण में अपना योगदान दें। उन्होंने कहा कि पुरस्कार वितरण समारोह केवल एक औपचारिक कार्यक्रम नहीं, बल्कि विद्यार्थियों की उपलब्धियों और क्षमताओं का उत्सव है। उन्होंने छात्रों को प्रेरित करते हुए कहा कि वे भविष्य में नौकरी लेने वाले नहीं, बल्कि नौकरी देने वाले बनें और वैश्विक स्तर पर अपनी पहचान स्थापित करें। उन्होंने कहा कि भारत आज तेजी से आगे बढ़ रहा है और विश्व की चौथी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था बन चुका है। अमृतकाल के आगामी 25 वर्ष देश के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण हैं और युवाओं के लिए असीम अवसर प्रदान करते हैं।
अनुराग सिंह ठाकुर ने कहा कि वर्तमान समय भारत के लिए स्वर्णिम युग है और आज की युवा पीढ़ी इस उभरते भारत की स्वर्णिम पीढ़ी है। उन्होंने कहा कि युवा स्वयं को सौभाग्यशाली मान सकते हैं कि वे ऐसे समय में शिक्षा प्राप्त कर रहे हैं जब देश अभूतपूर्व अवसरों और संसाधनों के साथ आगे बढ़ रहा है। 2047 तक विकसित भारत के लक्ष्य को प्राप्त करने की जिम्मेदारी अब युवाओं के कंधों पर है। उन्होंने युवाओं से आह्वान किया कि वे अपने ज्ञान, नेतृत्व और संसाधनों को राष्ट्र सेवा में समर्पित करें तथा देश के विकास में सक्रिय भूमिका निभाएं। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश में विकास कार्यों के साथ-साथ एक व्यापक राष्ट्रीय जागरण का वातावरण भी बना है, जिसने करोड़ों लोगों को राष्ट्र निर्माण के इस अभियान से जोड़ने का कार्य किया है।