कामगार कल्याण बोर्ड ने इस वर्ष हमीरपुर के कामगारों को दिए 5.51 करोड़

बच्चों की शिक्षा और शादी, मकान निर्माण और अन्य कार्यों के लिए दी जाती है सहायता राशि कामगार की मृत्यु, दिव्यांगता और वृद्धावस्था पर भी प्रदान की जा रही है राहत राशि एवं पेंशन

कामगार कल्याण बोर्ड ने इस वर्ष हमीरपुर के कामगारों को दिए 5.51 करोड़
हिमाचल प्रदेश भवन एवं अन्य सन्निर्माण कामगार कल्याण बोर्ड की 14 कल्याणकारी योजनाएं प्रदेश भर के श्रमिकों, उनके बच्चों एवं अन्य परिजनों के लिए बहुत बड़ा सहारा साबित हो रही हैं। श्रमिक परिवारों की आर्थिक मदद के लिए इन योजनाओं में मकान निर्माण, चिकित्सा सहायता, बच्चे के जन्म से लेकर, शिक्षा और विवाह के लिए आर्थिक सहायता, पेंशन, दिव्यांगता पेंशन, श्रमिक की मृत्यु पर आर्थिक मदद और कई अन्य प्रावधान किए गए हैं। हिमाचल प्रदेश भवन एवं अन्य सन्निर्माण कामगार कल्याण बोर्ड के अध्यक्ष नरदेव सिंह कंवर ने बताया कि इस बार स्वतंत्रता दिवस के उपलक्ष्य पर मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने प्रदेश भर के 4967 कामगारों को विभिन्न योजनाओं के तहत लगभग 20.61 करोड़ रुपये की राशि प्रदान की है। इन कामगारों में जिला हमीरपुर के भी 1425 कामगार शामिल हैं, जिन्हें कुल 5.51 करोड़ रुपये से अधिक की सहायता राशि प्रदान की गई है। जिला हमीरपुर के 655 श्रमिकों के बच्चों की शिक्षा के लिए इस वर्ष 1,77,48,600 रुपये की सहायता राशि दी गई है। 581 श्रमिकों के बच्चों की शादी पर 2,75,64,300 रुपये की मदद की गई है। 16 श्रमिकों एवं 9 विधवा महिला श्रमिकों को मकान के निर्माण के लिए कुल 31.80 लाख रुपये और 13 श्रमिकों की मृत्यु पर 32.60 लाख रुपये की राहत राशि प्रदान की गई है। 125 श्रमिकों की वृद्धावस्था पेंशन पर 7.77 लाख रुपये, कन्याओं के जन्म पर 20.55 लाख रुपये, विशेष रूप से सक्षम 14 बच्चों को 2.80 लाख, मातृत्व-पितृत्व सहायता राशि के रूप में 2.07 लाख रुपये, विधवा पेंशन 74,796 रुपये और दिव्यांगता पेंशन पर 25 हजार रुपये खर्च किए गए हैं। नरदेव सिंह कंवर ने बताया कि निर्माण कार्यों में श्रमिकों के रूप में काम करने वाले 18 से 60 वर्ष तक के लोग भवन एवं अन्य सन्निर्माण कामगार कल्याण बोर्ड में अपना पंजीकरण करवा सकते हैं। उन्होंने बताया कि मुख्यमंत्री के निर्देशानुसार बोर्ड की सभी 14 कल्याणकारी योजनाओं का लाभ पात्र एवं जरुरतमंद श्रमिकों तक पहुंचाने तथा इसमें पारदर्शिता सुनिश्चित करने के लिए बोर्ड ने व्यापक कदम उठाए हैं। इसी कड़ी में, प्रदेश भर में सभी पंजीकृत श्रमिकों की वेरिफिकेशन एवं ई-केवाईसी की जा रही है। पंजीकृत श्रमिक अपने आधार कार्ड और अन्य आवश्यक दस्तावेजों के साथ श्रम कल्याण अधिकारी कार्यालय में जाकर अपनी ई-केवाईसी निशुल्क करवा सकता है। श्रमिक स्वयं या लोक मित्र केंद्र पर जाकर ई-श्रम पोर्टल पर भी अपना ऑनलाइन पंजीकरण करवा सकते हैं। ई-श्रम पोर्टल पर पंजीकरण के बाद वे बोर्ड की सभी 14 कल्याणकारी योजनाओं का लाभ आसानी से प्राप्त कर सकेंगे।